प्रधानमंत्री ल अयोध्या ले कनेक्टिविटी के सुधारे वाला अवइया अउ प्रस्तावित अवसंरचना परियोजना ले अवगत कराइन। बइठक म हवाई अड्डा, रेलवे स्टेशन के विस्तार, बस स्टेशन, सड़क अउ राजमार्ग जइसे आने-आने आधारभूत परियोजना के बारे म गोठबात करे गिस।
आने वाला दिन म बनाए जाये वाला ग्रीनफील्ड टाउनशिप के बारे म भी विचार-विमर्श करिन, जेमा श्रद्धालु मनके ठहरे के सुविधा, आश्रम, मठ, होटल अउ आने-आने राज्य के भवन मनके खातिर जगह शामिल हावयं। इहां पयर्टन मदद केंद्र अउ विश्वस्तरीय संग्रहालय के भी निर्माण करे जाही।
सरयू नदी अउ येकर घाट मनके आसपास बुनियादी ढांचे के विकास म विशेष धियान दे जात हावय। सरयू नदीं म परिभ्रमण संचालन (क्रूज ऑपरेशन) सरलग विशेषता होही। शहर के विकास साइकिल चालक अउ पैदल चलइया लोगन के खातिर पर्याप्त ठऊर के स्थिरता सुनिश्चित करे जाही। स्मार्ट सिटी के बुनियादी ढांचे के उपयोग करत आधुनिक तरीका ले यातायात प्रबंधन भी करे जाही।
प्रधानमंत्री ह अयोध्या ल एक अइसे शहर बताइन जेन हर भारतीय के सांस्कृतिक चेतना म छापे हावय। ओमन किहिन के अयोध्या ल हमर बेहतरीन परंपरा अउ हमर विकासात्मक परिवर्तन ल प्रकट करना चाही। ए शहर ल मानव लोकाचार के मेल भविष्य के बुनियादी ढांचा के संग करे जाना चाही, जेन पर्यटक अउ तीर्थयात्रि सहित सबो के खातिर लाभकारी होवे।
प्रधानमंत्री ह किहिन के आने वाला पीढ़ी डहर ले उंकर जीवन म कम से कम एक बार अयोध्या के यात्रा करे के इच्छा महसूस होना चाही। निकट भविष्य म अयोध्या म विकास बुता जारी रइही। येकर संग ही अयोध्या म प्रगति के नया आयाम दे के समय अब आ गे हावय। हमर सामूहिक प्रयास हावय के अयोध्या के पहचान के उत्सव मनाये जाए अउ नवाचारी उपाय के संग येकर सांस्कृतिक जीवंतता ल बनाए रखे जाए।
सबो पाठक ल जोहार..,
हमर बेवसाइट म ठेठ छत्तीसगढ़ी के बजाए रइपुरिहा भासा के उपयोग करे हाबन, जेकर ल आन मन तको हमर भाखा ल आसानी ले समझ सके...
छत्तीसगढ़ी म समाचार परोसे के ये उदीम कइसे लागिस, अपन बिचार जरूर लिखव।
महतारी भाखा के सम्मान म- पढ़बो, लिखबो, बोलबो अउ बगराबोन छत्तीसगढ़ी।